कक्षा 11 एक बहुत ही महत्वपूर्ण कक्षा हैं| ये 12th क्लास के लिए आधार का काम करता हैं। कक्षा 12 में मजबूत पकड़ बनाने के लिय कक्षा 11 को मजबूत करना बहुत ही जरूरी हैं। गणित वैसे भी एक रोचक विषय हैं लेकिन काफ़ी बच्चों को इसमें कठिनाई महसूस होती हैं। इसलिय हमने कक्षा 11 गणित अध्याय 3 त्रिकोणमितीय फलन नोट्स दिया हैं जो की बोर्ड स्टडी एक्सपर्ट्स द्वारा तैयार किया गया हैं।
जेईई और बोर्ड दोनों एग्जाम के तैयारी के लिए कक्षा 11 गणित अध्याय 3 त्रिकोणमितीय फलन नोट्स बहुत ही महत्वपूर्ण हैं। इसमें त्रिकोणमितीय फलन अध्याय के सभी कॉन्सेप्ट को विस्तार से समझाया गया हैं जिससे छात्रों को समझने में आसानी हो।
त्रिकोणमितीय फलन नोट्स
अध्याय 2: संबंध एवं फलन नोट्स
अध्याय 4: सम्मिश्र संख्याएँ और द्विघातीय समीकरण
नोट्स को बहुत ही अच्छे एवं सुव्यवस्थित ढंग से लिखा गया हैं जिससे छात्र को नोट्स पढ़ने के दौरान कोई कठिनाई न हों। इसका उपयोग छात्र अपने नियमित अध्यन के समय एवं एग्जाम के समय में भी कर सकते हैं।
महत्वपूर्ण तथ्य
जिस कोण के लिए त्रिकोणमितीय अनुपातों का मान ज्ञात करना होता है, उसके सामने की भुजा लम्ब होती है, समकोण के सामने की भुजा कर्ण तथा तीसरी भुजा आधार होती है।
कोण (Angle):- जब कोई किरण अपने प्रारम्भिक स्थिर बिन्दु के परितः घूमती है तो उसकी प्रारम्भिक और अन्तिम अवस्थाओं के बीच के झुकाव को कोण कहते हैं।
चतुर्थांश (Quadrant):- दो परस्पर लम्बवत रेखाएं किसी तल को चार भागों में बांटती हैं, उन्हें चतुर्थांश कहते हैं।
1- प्रथम चतुर्थांश में स्थित किसी बिन्दु के लिए x-निर्देशांक व y-निर्देशांक सदैव धनात्मक होते हैं।
2- द्वितीय चतुर्थांश में स्थित बिन्दु के लिए x-निर्देशांक ऋणात्मक व y-निर्देशांक धनात्मक होता है।
3- तृतीय चतुर्थांश में स्थित बिन्दु के लिए x-निर्देशांक व y-निर्देशांक दोनों ऋणात्मक होते हैं।
4- चतुर्थ चतुर्थांश में स्थित बिन्दु के लिए x-निर्देशांक धनात्मक और y-निर्देशांक ऋणात्मक होते हैं।
(1) षाष्टिक पद्धति :- इस पद्धति में एक समकोण को 90 बराबर भागों में बांटा जाता है जिसे डिग्री कहते हैं। 1 डिग्री को 60 बराबर भागों में बांटा जाता है प्रत्येक भाग 1 मिनट कहलाता है। 1 मिनट को 60 बराबर भागों में बांटा जाता है प्रत्येक भाग 1 सेकण्ड कहलाता है।